Friday, 1 May 2020

मंज़िल है श्री कृष्णा।

पग पग पर मिले तेरा साथ।सारे रास्ते तेरी ओर मिले।मंज़िल की परवाह किसे जब इतनी खूबसूरत राहे हो।
श्री कृष्णा के नाम में ही प्रेम है इतना कि पूरा संसार कम पड़ जाए।किस्मत,भाग्य ये तो कमजोर लोगो के लिए है।

असली जंग तो ज़िन्दगी के बाद की है।जब आपके पास कुछ ना हो,ना लोग,ना घर,ना धन, ना दुनिया। कहा भटकोगे अकेले। तालाश तो भगवान की ही करोगे।
आंखे बंद करे।ये गहरी सांसे जो आपके दिल तक जाती है,इन्हे महसूस करे।सारे दुख सुख भुला के ईश्वर को देखे।

No comments:

Post a Comment